Author: Kitabghar Prakashan

बाज़ार से हम बच नहीं सकते बाज़ार से हम बच नहीं सकते और जो राहें निकालीं पूर्वजों ने राहें जो मंगल भरी हैं उन अलक्षित…

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श्री अरविंद का पत्र मृणालिनी के नाम (श्री अरविंद: बंगाल-विभाजन के समय का सुप्रसिद्ध क्रांतिकारी, जो बाद में राजनीति से ‘संन्यास’ लेकर धर्म की शरण…

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इंस्पेक्टर मातादीन चहुंओर समाया : नरेन्द्र कोहली परसाई जी की रचनाएं मैंने ‘धर्मयुग’ में अपने उस वय में पढ़नी आरंभ की थी, जब न तो…

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हिंदुत्व के रखवाले “कल मैं अपनी बात पूरी नहीं कर पाया क्योंकि तुम कुछ थके से लग रहे थे।’ ‘थका नहीं था, यह जो धर्म-वर्म…

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इतिहासपुरुष ‘तानाशाही के खतरे वाली जो बात तुम कर रहे थे वह तो सचमुच संभव लगती है। इस आदमी में तानाशाही प्रवृत्ति कूट-कूटकर भरी है।…

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लेखक: जॉन गाल्सवर्दी जन्म: 14 अगस्त, 1867, किंगस्टन, इंग्लैंड मृत्यु: 31 जनवरी, 1933 जॉन गाल्सवर्दी को सन 1932 में नोबेल पुरस्कार से सम्मानित किया गया…

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